नैनीताल। उत्तराखंड हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद आवंटित चैंबर की सील नहीं खोले जाने के मामले में अवमानना याचिका दायर की गई है। धर्मेंद्र सिंह की ओर से दायर अवमानना याचिका पर हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति पंकज पुरोहित ने सुनवाई करते हुए प्रतिवादी को नोटिस जारी किया है। अदालत ने नोटिस का जवाब चार सप्ताह के भीतर दाखिल करने के निर्देश दिए हैं। मामला अवमानना याचिका संख्या 512/2026, धर्मेंद्र सिंह बनाम गिरजेश खुल्बे से संबंधित है। याचिका में कहा गया है कि हाईकोर्ट ने 11 अगस्त 2026 को पारित अपने आदेश में याचिकाकर्ता को आवंटित चैंबर की सील खोलने के निर्देश संबंधित बार एसोसिएशन को दिए थे। अदालत ने यह भी कहा था कि याचिकाकर्ता न्यायालय परिसर में किसी प्रकार की परेशानी या उपद्रव नहीं करेगा और इसके लिए शपथपत्र प्रस्तुत करेगा। याचिकाकर्ता के अधिवक्ता के अनुसार, धर्मेंद्र सिंह ने 17 अगस्त 2026 को निर्धारित शपथपत्र संबंधित बार एसोसिएशन के पदाधिकारी को सौंप दिया था। इसके बावजूद चैंबर की सील नहीं खोली गई। याचिका में इसे हाईकोर्ट के आदेश की जानबूझकर अवहेलना बताते हुए कार्रवाई की मांग की गई है। मामले की सुनवाई के बाद न्यायालय ने प्रतिवादी को नोटिस जारी करते हुए चार सप्ताह में जवाब दाखिल करने को कहा है। अदालत ने याचिकाकर्ता के अधिवक्ता को नोटिस की तामील सभी अनुमत माध्यमों से कराने तथा इसकी रिपोर्ट शपथपत्र के माध्यम से 11 सितंबर 2026 तक प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। हाईकोर्ट ने मामले को अगली सुनवाई के लिए 11 सितंबर 2026 को सूचीबद्ध किया है। आदेश 2 सितंबर 2026 को न्यायमूर्ति पंकज पुरोहित ने पारित किया।