घटना में प्रयुक्त 12 बोर का अवैध तमंचा और खोखा कारतूस बरामद, खून के निशान मिटाने और शव को स्थानांतरित करने का भी आरोप
काशीपुर। महुआखेड़ागंज क्षेत्र में युवती मेहविश की गोली लगने से हुई मौत के मामले में आईटीआई थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन नामजद अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त 12 बोर का अवैध तमंचा और एक खोखा कारतूस बरामद करने का दावा किया है।
पुलिस के अनुसार, 10 सितंबर 2026 को महुआखेड़ागंज क्षेत्र में युवती मेहविश की गोली लगने से मौत की घटना सामने आई थी। मामले में मृतका के परिजन फईम हुसैन पुत्र स्वर्गीय फरियाद हुसैन निवासी महुआखेड़ागंज की तहरीर पर 11 सितंबर 2026 को कोतवाली आईटीआई में मुकदमा अपराध संख्या 286/26, धारा 103(1)/238/61(2) बीएनएस के तहत अभियोग दर्ज किया गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ऊधमसिंहनगर अजय गणपति ने घटना के शीघ्र अनावरण और अभियुक्तों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे। इसके बाद आईटीआई थाना पुलिस की टीम गठित कर नामजद अभियुक्तों की तलाश में लगातार दबिश और सुरागरसी-पतारसी की जा रही थी।
राधास्वामी सत्संग के पास से गिरफ्तारी
पुलिस के मुताबिक, 12 सितंबर 2026 को आईटीआई पुलिस टीम चौकी पैगा क्षेत्र में अभियुक्तों की तलाश और विवेचनात्मक कार्रवाई के लिए रवाना थी। इसी दौरान मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर अलीगंज रोड से पीपल गांव जाने वाले रास्ते पर राधास्वामी सत्संग के पास घेराबंदी की गई।
पुलिस ने मौके से तीन नामजद अभियुक्तों साजिद, सबीना और फिजा को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, पूछताछ और तलाशी के दौरान साजिद के कब्जे से घटना में प्रयुक्त 12 बोर का अवैध तमंचा और एक खोखा कारतूस बरामद हुआ।
पूछताछ में सामने आई घटना की कड़ी
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में अभियुक्त साजिद ने बताया कि उसके पास मौजूद 12 बोर का तमंचा करीब छह माह पूर्व महुआखेड़ा निवासी जमील से लिया था।
पुलिस का कहना है कि घटना के दौरान साजिद की छोटी बेटी और मेहविश के बीच छीनाझपटी हुई। इसी दौरान साजिद की छोटी बेटी से गोली चल गई, जो मेहविश को लग गई और उसकी मौत हो गई।
पुलिस के मुताबिक, घटना के बाद साजिद और उसकी पुत्री फिजा ने मौके पर फर्श पर पड़े खून के धब्बों को मिटाने का प्रयास किया। इसके बाद साजिद ने मृतका के शव को अपने घर से हटाकर उसके घर पहुंचाया, जिससे घटनास्थल को बदलने का प्रयास किया गया। पुलिस के अनुसार, घटना के बाद तीनों अभियुक्त फरार होने की फिराक में थे, जिन्हें पुलिस ने सूचना के आधार पर गिरफ्तार कर लिया।